**कोई जवाब नहीं
इलाहाबादी अमरूद का इस साल इलाहाबाद में अमरूदों की बहार है पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष अमरूद को पैदा हुए हैं इस बार इसकी कीमत भी कम है और यह देश के अन्य शहरों में भी सप्लाई किए जा रहे हैं उम्मीद की जाती है कि ठंड बढ़ने के साथ इलाहाबादी अमरूद की अकड़ देश के लगभग सभी हर मंडियों पर और मजबूत हो जाएगी सरकार की ओर से अगर सहयोग मिले तो इलाहाबादी अमरूद विदेशी भी भेज जा सकते हैं लेकिन अभी यह काम बहुत कम हो रहा है बाहर से आने वाले लोगों इलाहाबादी अमरूद लुभा रहे हैं हम लोग यहां से जाते समय इलाहाबाद का प्रसाद समझकर इलाहाबादी अमरुद को ले जा रहे हैं बिस्मिल इलाहाबादी ने एक बार अपने एक शेर में कहा था कि इलाहाबाद में दो ही चीज है लोगों को आकर्षित करती हैं एक डिसमिल खुद और दूसरा इलाहाबाद के अमरूद इसके अलावा इलाहाबाद में है ही क्या यह बात शायर का अपना कहने का अंदाज था इलाहाबाद में बहुत कुछ है लेकिन यह भी सच है इलाहाबादी अमरूद के आगे किसी की चलती नहीं इलाहाबादी अमरूद देखने में बेहद सुंदर मीठे और लालिमा से युक्त है ।
चित्र आर्य रिपोर्ट अजामिल
रविवार, 7 दिसंबर 2025
इलाहाबादी अमरूद
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ (Atom)